मिर्जापुर नार घाट शहर कोतवाली थाना क्षेत्र निवासी राम जी अग्रवाल ने जिलाधिकारी मिर्जापुर व कमिश्नर से मुलाकात कर शिकायत की कि उनको भू माफिया द्वारा परेशान किया जा रहा है ।उनका आरोप है कि लगभग 6 माह पूर्व नगर पालिका परिषद मिर्जापुर से कतिपय दलाल के साथ सांठगांठ करके अभिलेखों में हेराफेरी कर दिया गया है ।अग्रवाल को जब इसकी जानकारी हुई तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई ।षड्यंत्रकरी कूट रचना करके मंदिर के व्यवस्थापक राम जी अग्रवाल को परेशान कर दबाव डालकर जमीन हड़पने की नियत से तहसील व नगरपालिका की मदद से अन्य उच्च अधिकारियों को दिग्भ्रमित कर मंदिर व्यवस्थापक पर दबाव डालने की कोशिश कर रहे है। बताया गया है कि समस्त भूखंड जरिए कुर्क दिनांक 19/10 /1980 तत्कालीन जनपद के बड़े आला अधिकारियों की मौजूदगी में राम जी के पिता रामेश्वर दास ने खरीदा था। तभी से उनके परिजन इस भूखंड में रहते चले आ रहे हैं और इसमें एक भाग में वृहद विशाल श्री बालाजी का मंदिर का निर्माण कराया गया है ।जो मिर्जापुर के इतिहास में प्रथम मंदिर होने का गौरव रखता है ।जनपद ही नहीं मंडल में इस मंदिर व परिवार ने जनपद का नाम रोशन किया है। मगर भूमाफियाओं का बढ़ते मनोबल के चलते आज राम जी का परिवार सकते में है ।रामजी ने बताया कि उनके खिलाफ षड्यंत्र कारी सक्रिय हैं ।उनकी भूमि हड़पना चाहते हैं तो उन्होंने तत्काल आला अधिकारियों को अवगत कराया और न्यायालय पहुंच गए ।पीड़ित परिवार ने बताया कि इन लोगों का खाली पड़ी जमीन पर कब्जा करना पेशा हो गया है ।अष्टभुजा डाक बंगले के निकट भी जमीन कब्जा करने का मामला काफी चर्चा में था ।जिसमें वन विभाग की जमीन व रेलवे की जमीन को निशाना बनाया जाना प्रकाश में आया था।