समाचारकार्य बहिष्कार कर पांचवें दिन भी विद्युत कर्मचारी रहे आंदोलित, मिर्जापुर

कार्य बहिष्कार कर पांचवें दिन भी विद्युत कर्मचारी रहे आंदोलित, मिर्जापुर



आज कार्यबहिष्कार के पांचवा दिन दिनांकः 03.122022 दिन शनिवार को विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति, उ0प्र0 के बैनर तले शाखा जनपद, मीरजापुर के सभी विद्युत कर्मचारी, अभियन्तागण व अवर अभियन्ता, लिपिक वर्ग, तकनीकी वर्ग, लेखावर्ग, सविदा कर्मी मुख्य अभियन्ता(वितरण). मीरजापुर क्षेत्र, मीरजापुर के कार्यालय के समक्ष 10:00 बजे से 05.00 बजे तक विरोध सभा में उपस्थित रहे। विरोध सभा में शीर्ष ऊर्जा प्रबन्धन की तानाशाही पूर्ण रवैये की कही निन्दा की गयी। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के सभी घटक संघों के शीर्ष पदाधिकारी शक्ति भवन लखनऊ के सामने समय 10.00 बजे से 05:00 बजे तक विरोध सभा में उपस्थित रहें सभा को सम्बोधित करते हुए विद्युत कर्मचारी सयुक्त संघर्ष समिति के संयोजक अभय सिंह ने कहा कि मुझे प्राप्त मिली जानकारी के अनुसार जनपद – भदोही तथा अन्य जनपदों में प्रशासन द्वारा उत्पीडनात्मक कार्यवाही की जा रही है जिसकी घोर निन्दा करते है और प्रशासन को एवं प्रबन्धन को यह चेतावनी दी जाती है कि यदि भदोही, मीरजापुर सोनभद्र में कर्मचारियों द्वारा चलाये जा रहे शान्तिपूर्ण ढंग से सत्याग्रह आन्दोलन में यदि किसी के साथ कोई कार्यवाही होती है तो सभी कर्मचारी एक साथ हड़ताल एवं जेल भरो आन्दोलन के लिए बाध्य होगें जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी प्रशासन एवं प्रबन्धन की होगी। सभा की अध्यक्षता कर रहें इं० विपीन पटेल ने बताया कि 1. उ0प्र0 ऊर्जा निगमों में शीर्ष ऊर्जा प्रबन्धन की स्वेच्छाचारिता विभाग की सेवा नियमों व श्रम अधिनियमों एवं मानवाधिकारों के कानूनों के इतर कार्मिकों से कार्य लिया जाना, अव्यवहारिक लक्ष्यों के आधार पर समीक्षा कर बड़े पैमाने पर मनमाने ढंग से उत्पीड़न कर ऊर्जा निगमों में शीखर प्रबन्ध द्वारा तानासही रवैया अपनाकर औद्योगिक शन्ति को भंग करने के अलोकतान्त्रिक प्रयासों पर तत्काल रोक लगायी जाय। 2 इसी कम में इं० राजेश कुमार प्रजापति ने कहां कि जब सफाई कर्मी के लिए और आवश्यक सेवा में कार्यरत चिकित्सा कर्मियों के लिए सूरक्षा नियम लागू होता है तो हमारे विद्युत विभाग के लिए कर्मचारियों के लिए पावर सेक्टर इम्पलाई प्रोटेक्शन एक्ट लागू क्यो नहीं किया जा सकता 3. इसी क्रम में श्री अरुण कुमार सिंह ने बताया कि जब पहले ए०सी०पी० का लाभ सभी विद्युत कर्मियों को दिया जाता था तो अब ए०सी०पी० को बंद कर कर्मचारियों को बरगलाया जा रहा है। हमारी मांग जायज है। 4. इसी कड़ी में श्री रमन चतुवर्दी ने बताया कि जब कर्मचारी बीमार होते है तो जितना पैसा खर्च होता है उसके सापेक्ष इलाज का खर्च विभाग से नहीं मिल पाता इस लिए सरकार को कैशलेश उपचार की सुविधा देने में कोई कठिनाई नहीं होनी चाहिए। 5. इसी क्रम में श्री राजेश कुमार गौतम ने बताया कि जब सरकार और विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति का वर्ष 2000 में ही वार्ता हुआ कि विभाग के घाटे जाने पर पुनः यू०पी०एस०ई०बी० का गठन होना था, परन्तु अभी तक गठन नहीं हुआ है जिसको गठन करने में सरकार को कोई कठिनाई नहीं होनी चाहिए। 6. इसी क्रम में श्री सुमित कुमार यादव ने बताया कि वर्तमान प्रबन्धन के हटधर्मता और गलत निति के कारण दिन में 02 से 04 बार तक वी०सी० किया जाता है जिसके कारण ऊर्जा क्षेत्र में कार्य मनोयोग से होने के बजाय वी०सी० में व्यस्त होता है और अंत में किसी दिन वी०सी० में ज्यादा डाट फटकार होने से हृदय से कमजोर अधिकारी का हदयाघात हो जाता है और अधिकारी अपने परिवार को छोड़ स्वर्ग सिधारता है जैसा कि दिनांक: 18.11.2022 को हमारे मुख्य अभियन्ता स्व० इं० राजा बाबू कटियार का वी०सी० के कारण ही स्वर्गवास हो गया। 7. इसी क्रम में श्री राम सिंह ने बताया कि जब तेलंगाना, पंजाब, दिल्ली और उड़िसा में निविदा / संविदा कर्मियों को नियमित किया जा सकता है तो उ0प्र0 में प्रबन्धन को इन्हें नियमित करने में कोई कठिनाई नहीं आनी चाहिए। 8. इसी क्रम में श्री शम्भू नाथ ने बताया कि इ०पी०एफ० भुगतान में किये गये घोटाले की उच्चस्तरीय जाँच की जाय एवं घोटाले की धनराशि वाह्यसेवा प्रदाता से वसूल किया जाय श्री विनय बिन्द ने बताया कि बिजली कर्मचारियों अवर अभियन्ताओं एवं अभियन्ताओं की वेतन विसंगतियों दूर की जाय 9 श्री विनोद चौधरी ने बताया कि वर्ष 2000 के बाद नियुक्त समस्त कर्मियों के लिए नई पेन्शन योजना लागू है जिसमें सेवानिवृत्त होने के बाद कार्मिक को रू0 1000.00/1500.00 अथवा 2000.00 तक पेन्शन दिया जाता है जब रू० 60,000.00 वेतन पा कर जिवकोपार्जन तथा अपने परिवार का भरण पोषण करने वाला व्यक्ति रू0 1000.00/1500.00 अथवा 2000.00 में आज अपने परिवार का भरण पोषण कैसे कर सकता है जबकि महिने का मोबाईल का खर्च ही कम से कम रू0 500.00 है और ऊर्जा निगम में तो नई पेन्शन की व्यवस्था भी नहीं है। इस परिस्थिति में सरकार को पुरानी पेन्शन बहाल करना होगा और इसे बहाल करने में सरकार को कोई गुरेज नहीं होना चाहिए। आज कार्यबहिष्कार के पांचवा दिन दिनांक: 03.12.2022 दिन शनिवार को विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के आवाहन पर आज पाचवा दिन समय 10.00 से 05.00 तक पूर्ण रूप से कार्यबहिष्कार किया गया।

प्रबन्धन के अत्यधिक दबाब एवं भय के वातावरण से स्व0 इं० राजा बाबू कटियार, मुख्य अभियन्ता(वितरण). मीरजापुर क्षेत्र, मीरजापुर का तीब्रहृदयाघात से असमायिक निधन दिनांक: 18.11.2022 को हुआ जिससे मीरजापुर क्षेत्र के समस्त विद्युत परिवार के सदस्यों में रोष व्याप्त है और इस प्रकार की घटना की पुनरावृत्ति न हो इसके लिए शीर्ष प्रबन्ध से स्वस्थ कार्यप्रणाली की वातावरण की मांग की गयी। आज की सभा का संचालन श्री अनुराग अग्रवाल जी द्वारा किया गया सभा में मुख्य रूप से सभी घटक के पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहें:- इं० राजेश प्रजापति, इं० अरूण कुमार सिंह, इं० चन्द्र मोहन, प्रभात मौर्या, इं० उमेश चन्द्र, इं० विपीन कुमार पटेल, अनिल कुमार सिंह, फरीद, अभिषेक सिंह, अभिषेक कुमार मौर्य, ध्यान चन्द्र वर्मा, विनय कुमार गुप्ता, सरोज पाल, प्रदीप कुमार सिंह, अनूप सिंह पटेल, विनय कुमार सिंह, मो० सलीम, अरूण कुमार, जीमउल्ला, राम निहोर, चुनमुन, शंकर मौर्या, त्रिलोकी श्रीवास्तव, अनिल केशरी, विनय कुमार वैश्य, तपन कुमार, राजेश कुमार सिंह, संजय सैनी, राजबली रमापति, मुन्ना यादव, मंगल, महेश्वर सिंह, एम0के0 पटेल, सादाब अहमद, इन्द्रेश सिंह, जयशंकर प्रसाद, शिव प्रसाद मिश्रा, मंगला प्रसाद बिंद, मनीष सिंह कुश्वाहा, पृथ्वी पाल, लखन कुमार, दयाशंकर, शिवशंकर सिंह, अमित कुमार सिंह, राजेश कुमार बिंद, संदीप प्रभाकर, दीपक कुमार, राम सजीवन सिंह, प्रदीप कुमार अभिषेक त्रिपाठी, रविशंकर चौरसिया, कैलाश नाथ, एस०एन० भारती इत्यादि सदस्य उपस्थित रहें।

आज ही डाउनलोड करें

विशेष समाचार सामग्री के लिए

Downloads
10,000+

Ratings
4.4 / 5

नवीनतम समाचार

खबरें और भी हैं