
नवरात्र मेले की तैयारियों की समीक्षा, 17 मार्च तक सभी कार्य पूरे करने के निर्देश
मीरजापुर। विंध्याचल धाम में आगामी वासंतिक चैत्र नवरात्र मेले की तैयारियों को लेकर शुक्रवार को मंडलायुक्त ने जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक व अन्य अधिकारियों के साथ बैठक कर समीक्षा की। इस दौरान निर्देश दिया गया कि मेले में ड्यूटी करने वाले सभी अधिकारी जिम्मेदारी का एहसास रखते हुए निष्ठा और पारदर्शिता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें।
बैठक में कहा गया कि मेले से जुड़े सभी विभाग 17 मार्च तक अपने कार्य शत-प्रतिशत पूर्ण कर लें। मंडलायुक्त ने निर्देश दिया कि प्रत्येक विभाग कम से कम एक राजपत्रित अधिकारी को मेला नोडल अधिकारी नियुक्त करे, जो अपने विभाग के कर्मचारियों से समन्वय बनाकर कार्यों को समय से पूरा कराए। नव निर्मित पीपा पुल के दोनों ओर मजबूत बैरीकेटिंग और चार फीट ऊंचाई तक जाली लगाने के भी निर्देश दिए गए।
पुलिस महानिरीक्षक ने पार्किंग व्यवस्था को लेकर विशेष निर्देश देते हुए कहा कि पार्किंग का ठेका लेने वाले व्यक्तियों का कोई आपराधिक इतिहास नहीं होना चाहिए। ठेकेदार सहित वहां कार्यरत सभी कर्मचारियों का सत्यापन कराया जाए तथा पार्किंग स्थल पर बड़े बोर्ड पर रेट लिस्ट और समय स्पष्ट रूप से अंकित किया जाए। साथ ही होटलों में भी रेट लिस्ट लगाने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने बैठक में मेले की तैयारियों की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि घाटों की बैरीकेटिंग, प्रकाश व्यवस्था, विद्युत सुरक्षा, साफ-सफाई और मंदिरों की सुरक्षा सहित सभी व्यवस्थाएं मेले से पूर्व पूर्ण कर ली जाएंगी। पुलिस अधीक्षक ने भी मेले के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस बल की तैनाती की जानकारी दी।
बैठक से पूर्व जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने पंडा समाज के पदाधिकारियों के साथ भी बैठक कर श्रद्धालुओं को सुगम दर्शन कराने में सहयोग की अपील की। निर्देश दिया गया कि किसी भी श्रद्धालु को निकास द्वार से दर्शन नहीं कराया जाएगा और यात्रियों के साथ किसी प्रकार की अभद्रता नहीं होनी चाहिए। सभी पंडा निर्धारित ड्रेस और पहचान पत्र के साथ ही मंदिर में प्रवेश कर सकेंगे।
बैठक में अपर जिलाधिकारी, नगर मजिस्ट्रेट, मुख्य चिकित्साधिकारी, प्रभागीय वनाधिकारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी व पंडा समाज के पदाधिकारी उपस्थित रहे।













