
उत्तर प्रदेश के सभी शहरों में 23 जनवरी को बजेगा तेज सायरन, हो जाएगा ब्लैक आउट
स्वयं सेवकों को दिया गया प्रशिक्षण, सीखाए गए गुण
मीरजापुर 18 जनवरी 2026- नागरिक सुरक्षा विभाग, उत्तर प्रदेश शासन के निर्देश पर उत्तर प्रदेश दिवस 2026 के तहत नेताजी सुभाष चंद्र बोस के जन्मदिवस 23 जनवरी को जनपद में ब्लैक आउट मॉक ड्रिल प्रस्तावित है। मॉक ड्रिल की तैयारियों को लेकर रविवार को सिविल डिफेन्स के स्वयं सेवक, आपदा मित्र, प्रशिक्षु कांस्टेबल को प्रशिक्षण प्रदान किया गया। मॉक ड्रिल में शाम को छह बजे हवाई हमले की चेतावनी के लिए दो मिनट तक तेज व धीमी आवाज में सायरन बजाया जाएगा। इस दौरान सभी निर्धारित क्षेत्रों में बिजली बंद करके नागरिकों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाया जाएगा। जिसका नगर के जुबली इंटर कॉलेज के मैदान में स्वयंसेवकों को प्रशिक्षण दिया गया। ब्लैक आउट मॉक ड्रिल का भी स्वयंसेवकों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया। यह प्रशिक्षण आपातकालीन परिस्थितियों में राहत और समन्वय के लिए आवश्यक तैयारियों का परीक्षण करेगा। सिविल डिफेन्स के कंट्रोलर व जिलाधिकारी पवन कुमार गंगवार के निर्देश पर प्रशिक्षण सत्र का आयोजन अपर जिलाधिकारी अजय कुमार
सिंह के मार्गदर्शन में अपर पुलिस अधीक्षक नितेश सिंह, होमगार्ड कमांडेंट विंध्याचल पाठक, मुख्य अग्निश्मन अधिकारी सौरभ सिंह, जिला आपदा विशेषज्ञ अंकुर गुप्ता, नगर पालिका परिषद मीरजापुर अधिशाषी अधिकारी गोवावा लाल की मौजूदगी में हुआ। प्रशिक्षण में नागरिक सुरक्षा कोर स्वयंसेवक, आपदा मित्र एवं प्रशिक्षु कांस्टेबल सहित सैकड़ों से अधिक प्रतिभागियों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
जिलाधिकारी पवन कुमार गंगवार ने बताया कि प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य आपातकालीन परिस्थितियों युद्ध, ब्लैक आउट एवं अन्य आपदाओं के समय प्रशासन और नागरिकों की तैयारियों का परीक्षण करना है। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश दिवस-2026 के मौके और नेताजी सुभाष चंद्र बोस के जन्मदिवस 23 जनवरी 2026 को नागरिक सुरक्षा विभाग शाम को छह बजे ब्लैक आउट माक ड्रिल का आयोजन करेगा।
अपर जिलाधिकारी अजय कुमार सिंह ने कहा कि प्रशिक्षण में नागरिक सुरक्षा कोर के स्वयंसेवकों, आपदा मित्रों एवं नव प्रशिक्षित सिपाहियों को आपातकालीन परिस्थितियों में राहत, बचाव एवं समन्वय के व्यावहारिक पहलुओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम भविष्य में होने वाली किसी भी आपात स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटने में सहायक सिद्ध होंगे। इसमें सिविल डिफेन्स के स्वयं सेवकों के साथ जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए), राज्य आपदा मोचक बल
(एसडीआरएफ), अग्निशमन, पुलिस, स्वास्थ्य व अन्य विभागों के लोग भी शामिल रहेंगे। प्रशिक्षण के दौरान सिविल डिफेन्स की चीफ वार्डन, डॉ मधुलिका सिंह, अपर चीफ वार्डन शैलेन्द्र, अपर चीफ वार्डन संतोष सिंह, स्वयंसेवक
ज्ञानचंद गुप्ता, अविनाश श्रीवास्तव, अतिन कुमार, अनिल त्रिपाठी, राहुल बरनवाल, गौरव सिंह, धीरज पाण्डेय, रचना गुप्ता, अंकित, हिमांशु, अमित, मुकेश सहित सैकड़ों प्रशिक्षु स्वयं सेवक शामिल हुए।















