
दिव्या मित्तल के WhatsApp पर देशभर से संदेशों की बाढ़, लोगों में उनसे जुड़ने की होड़
मीरजापुर। पूर्व आईएएस अधिकारी दिव्या मित्तल की राजनीतिक सक्रियता को लेकर देशभर में दिलचस्पी बढ़ती दिखाई दे रही है। दिव्या मित्तल ने बताया कि उनके शुभचिंतकों की ओर से इतने अधिक संदेश आ रहे हैं कि उनका WhatsApp फिलहाल ठीक से काम नहीं कर रहा है।
दिलचस्प बात यह है कि उनसे संपर्क करने की इच्छा केवल मीरजापुर या उत्तर प्रदेश तक सीमित नहीं है। देश के अलग-अलग हिस्सों में रहने वाले उनके परिचित, शुभचिंतक और समर्थक उनसे बातचीत करना चाहते हैं। सोशल मीडिया पर लोग एक-दूसरे से दिव्या मित्तल का संपर्क नंबर पूछ रहे हैं और उनसे जुड़ने का रास्ता तलाश रहे हैं।
दिव्या मित्तल के मुताबिक, बड़ी संख्या में लोग उनसे बात करना चाहते हैं और उनके साथ जुड़ने की इच्छा जता रहे हैं। लगातार बढ़ रहे संदेशों के बीच WhatsApp के काम नहीं करने की जानकारी सामने आने के बाद यह चर्चा और तेज हो गई है।
पार्टी में जाने के बजाय अपनी राजनीतिक राह का संकेत
दिव्या मित्तल अपनी राजनीतिक इच्छा को लेकर भी अब काफी स्पष्ट संकेत दे चुकी हैं। उनके रुख से साफ है कि वह किसी स्थापित राजनीतिक दल में शामिल होकर राजनीति करने के बजाय अपना राजनीतिक मंच/पार्टी खड़ा करने की दिशा में आगे बढ़ना चाहती हैं।
यही बात उनकी राजनीतिक यात्रा को दूसरे नेताओं से अलग बनाती है। अगर वह वास्तव में अपना संगठन खड़ा करती हैं तो उन्हें शुरुआत से ही अपनी राजनीतिक जमीन, संगठन और जनसमर्थन तैयार करना होगा। ऐसे में देशभर से लोगों का उनसे संपर्क करना और उनके साथ जुड़ने की इच्छा जाहिर करना उनके लिए राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण संकेत माना जा सकता है।
मीरजापुर से उनकी सक्रियता ने स्थानीय राजनीतिक हलकों में भी हलचल बढ़ा दी है। अब निगाह इस बात पर है कि क्या दिव्या मित्तल मीरजापुर को अपनी राजनीतिक जमीन बनाकर प्रदेश की राजनीति में नई पारी शुरू करेंगी?
फिलहाल इतना जरूर है कि पूर्व आईएएस अधिकारी की राजनीतिक घोषणा के बाद उनके प्रति लोगों की उत्सुकता लगातार बढ़ रही है। WhatsApp पर संदेशों की बाढ़ और देश के अलग-अलग हिस्सों से उनसे जुड़ने की कोशिशें इस बढ़ती दिलचस्पी की एक झलक पेश कर रही हैं।















